उज्जैन · कलश (कुंभ) के साथ विवाह की पूजा
कुंभ विवाह पूजा उज्जैन
✔ कुंडली देखकर पूजा तय की जाती है
✔ कलश स्थापना से लेकर हवन तक सब पंडित जी कराते हैं
✔ परिवार साथ बैठ सकता है, या ऑनलाइन जुड़ सकता है
कुंभ विवाह की तारीख पूछने के लिए जानकारी भेजें
कुंभ विवाह क्या होता है?
कुंभ का मतलब कलश। इस पूजा में कलश को भगवान विष्णु का रूप मानकर उसके साथ विवाह की रस्म की जाती है। परंपरा में कहा गया है कि मंगल दोष वाली कुंडली के लिए यह रस्म शादी से पहले करा लेना ठीक रहता है। आम तौर पर कुंभ विवाह लड़कियों की कुंडली के लिए बताया जाता है। पंडित जी कुंडली देखकर ही बताते हैं कि यह आपके लिए ठीक है या नहीं।
आपकी पूजा तीन हिस्सों में
1
कलश स्थापना
2
विवाह की रस्में
3
हवन और आरती
ये पूजा किनके लिए है
- जिनकी कुंडली में मंगल दोष बताया गया है
- जिनकी शादी की बात बार-बार अटक रही है
- जिनके परिवार में कुंभ विवाह की परंपरा रही है
अर्क विवाह से फर्क
अर्क विवाह में मदार के पौधे के साथ रस्म होती है और उसे आम तौर पर लड़कों की कुंडली के लिए बताया जाता है। उसकी जानकारी अर्क विवाह पूजा उज्जैन के पेज पर है।
कुंभ विवाह की तैयारी कैसे करें
पहले जन्म की जानकारी भेजें
जन्म की तारीख, समय और जगह भेजिए। पंडित जी कुंडली देखते हैं और बताते हैं कि कुंभ विवाह ठीक रहेगा या कोई और पूजा। यह बात पूजा बुक करने से पहले साफ हो जाती है।
तारीख और मुहूर्त
पूजा का दिन शुभ मुहूर्त देखकर तय होता है। शादी की तारीख पक्की हो तो उससे पहले का समय चुनिए। कुछ दिन का फासला रखेंगे तो मुहूर्त चुनना आसान रहता है।
परिवार की भूमिका
लड़की के माता-पिता पूजा में साथ बैठ सकते हैं। जो लोग उज्जैन नहीं आ पाते, वे वीडियो कॉल से जुड़ सकते हैं। संकल्प पंडित जी आपके नाम और गोत्र से कराते हैं।
हमारा वादा
पूजा आस्था और परंपरा का हिस्सा है, इसलिए हम शादी के नतीजे की कोई गारंटी नहीं देते। हम यह पक्का करते हैं कि पूजा पूरे नियम से हो और आपको हर बात पहले से बताई जाए।
कुंभ विवाह की तारीख आज ही तय करें
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
आम तौर पर इसे लड़कियों की कुंडली के लिए बताया जाता है। पक्की बात पंडित जी कुंडली देखकर बताते हैं।
परंपरा में कलश को भगवान विष्णु का रूप माना जाता है। रस्म उसी के साथ की जाती है।
हां। आप वीडियो कॉल से जुड़ सकते हैं और संकल्प आपके नाम से कराया जाता है।
यह पूजा के तरीके पर निर्भर करता है। बुकिंग के समय पंडित जी पूरा समय बता देते हैं।
नहीं। यह पूजा आस्था और परंपरा का हिस्सा है, इसलिए हम कोई गारंटी नहीं देते। हमारा ज़ोर इस पर रहता है कि पूजा श्रद्धा और सही तरीके से हो।
अर्क विवाह पूजा भी देखें
अगर कुंडली में अर्क विवाह की सलाह मिली है, तो उसकी पूरी जानकारी अलग पेज पर है। दोनों में से कौन सी चुनें, ये समझने के लिए चुनने वाला पेज भी देख सकते हैं।